भारतीय किसान जलवायु परिवर्तन के लिए तैयार

नई दिल्ली। भारत के पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा है कि जलवायु परिवर्तन की वजह से पेश हो रही चुनौती का सामना करने के लिए ग्रामीण आबादी को सक्षम बनाना इस सरकार की प्राथमिकताओं में है।

इस साल बजट में पहली बार लाए गए ‘क्लाइमेट चेंज एडाप्टेशन फंड’ के लिए सरकार बहुत जल्द ही एक व्यापक कार्य योजना तैयार कर लेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जिस ‘स्वच्छ भारत हरित भारत’ का नारा दिया है, उसे लागू करने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। यह बात उन्होंने जलवायु परिवर्तन के अच्छे उदाहरणों को बढ़ावा देने के लिए आयोजित कार्यशाला में कही।

जावड़ेकर ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर पर ही नहीं राज्य और जिले के स्तर पर भी देखा जाना है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जहां जहरीली गैसों का उत्सर्जन कम करने जैसे उपायों पर ध्यान है, वहीं भारत के संदर्भ में वित्तीय और तकनीकी सहयोग, साझेदारी और तकनीकी हस्तांतरण जैसे मुद्दे अहम हैं।

पर्यावरण मंत्री ने कहा कि इन पहलुओं को समाहित करने के लिए एक संतुलित अंतरराष्ट्रीय दृष्टि बहुत जरूरी है। वर्ष 2015 में जो जलवायु परिवर्तन पर अंतरराष्ट्रीय संधि होगी, उस लिहाज से भी यह बहुत जरूरी है।

स्रोत- वन वर्ल्ड फाउंडेशन इंडिया

प्रकाशित तिथि:नवंबर 20, 2014
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